अच्छे स्वास्थ्य के लिए वास्तु टिप्स
Loading...

Welcome to onegodmed

Please Login to claim the offer.

+91

* By proceeding i agree to Terms & Conditions and Privacy Policy

SignUp

Have An Account ? Login

Success

अच्छे स्वास्थ्य के लिए वास्तु टिप्स

Blog

अच्छे स्वास्थ्य के लिए वास्तु टिप्स

अच्छे स्वास्थ्य के लिए वास्तु टिप्स - Vastu tips for good health 

आपने वो कहावत तो सुनी ही होगी “health is wealth”। किसी भी मनुष्य या व्यक्ति विशेष के लिए स्वस्थ रहना बहुत महत्वपूर्ण है। medical science भी इस बात की पुष्टि करता है की यदि आप स्वस्थ है तो आप हर काम को सच्चे मन से और focus के साथ पूरा करने के शक्षम है। हमारी surroundings मे बहुत सी ऐसी वस्तु है जो की हमारे स्वास्थ्य पर प्रभाव डालती है। चाहे घर मे हो या work place मे, वस्तु आपके धन, एवं रहन सहन के तरीके को प्रभावित करती है। घर का वास्तुकाल यानिकी फर्नीचर या अन्य वस्तु आपके और आपके परिवार के सदस्य की सेहत को प्रमुख रूप से प्रभावित करती है। वास्तु शास्त्र के अनुसार हर वस्तु को रखने का एक निश्चित स्थान निर्धारित है।

वास्तु का स्वास्थ्य पर प्रभाव

भारत की 37% जनता काम काजी है। एक स्वस्थ जीवन के लिए एक शांतिपूर्ण घर होना आवश्यक है। काम की थकान के बाद हम मानसिक शांति एवं आराम के लिए घर पर रहना पसंद करते है। पर जरूरी नहीं की वो मानसिक शांति और आराम आपको घर जाने के बाद प्राप्त हो। इसी वजह से हम आपके लिए कुछ वास्तु टिप्स (vastu tips) की जानकारी लाए है जिनको follow करके आप अपने जीवन मे मानसिक पीड़ा, तनाव, बीमारी, एवं नकारात्मक ऊर्जा से बचे रह सकते है और अपने जीवन को स्वस्थ बना सकते है।

अच्छे स्वास्थ के लिए सामान्य वास्तु टिप्स

 घर मे उत्तर पूर्व दिशा का अनुमान लगाए और प्रतिदिन मोमबत्ती या दीपक जलाए, यह आपके स्वास्थ्य को बहतर बनाएगा।

 घर मे किसी नल मे से लगातार पानी टपकना हमारे मानसिक सोच मे नकारात्मक ऊर्जा पैदा करता है। यह सुनिश्चित करे की आपके घर मे किसी नल से पानी ना टपक रहा हो।

घर की किसी सीढ़ियों के नीचे टॉयलेट, किचन या स्टोर होने से दिल की बीमारी और nervous sickness की बीमारी हो सकती है।

 घर मे कांटेदार पौधे लगाने से बचे। तुलसी के पौधे लगाने से घर का वास्तु शुद्ध होता है।

 पढ़ाई या काम करते समय अपने सर की दिशा उत्तर या पूर्व की ओर रखे। इससे आपकी याददाश्त तेज होगी।

 घर मे उत्तर पूर्व की ओर  शौचालय या सीढ़ियों का निर्माण करवाने से बचे। इससे आपको स्वास्थ संबंधित समस्या का सामना करना पड़ सकता है।

यह भी पढ़ेंः शास्त्रों के अनुसार भोजन करने का सही तरीका, जाने खाने का कौन-सा तरीका है नुकसानदायक


रसोई के लिए वास्तु टिप्स

 दक्षिण पूर्व दिशा मे रसोई का निर्माण वास्तु शास्त्र के लिए शुभ माना जाता है।

 शौचालय और रसोई एकसाथ बनाने से बचे और दोनों का एक दूसरे से दूर निर्माण करे।

 खाना पकाने और खाने के लिए सबसे शुभ दिशा पूर्व दिशा होती है। पूर्व दिशा अच्छे पाचन को बढ़ावा देती है और स्वास्थ को बहतर बनाती है। 

 

बेडरूम के लिए वास्तु टिप्स

 मोबाईल फोन और अन्य तकनीकी गैजेट्स को बिस्तर से दूर रखे। इससे अच्छी नींद आती है।

 कभी भी अपने बेड को शौचालय की दीवार से सक्रिय करने न लगाए। इससे नकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

 बिस्तर के सामने शीशे को रखने से बुरे सपने आते है जिसका प्रभाव आपकी नींद पर भी पड़ता है।

 प्रकाश के नीचे सोने से बचे, इससे सिरदर्द तथा अवसाद जैसी समस्या पैदा होती है।

 गर्भवती महिलाए उत्तर-पूर्व दिशा मे सोने से बचे। इससे होने वाली गर्भपात की समस्या को रोका जा सकता है।

 दक्षिण तथा पश्चिम दिशा मे मास्टर बेडरूम होने से मानसिक और शारीरिक तनाव दूर हो जाते है। कभी भी उत्तर पूर्व दिशा मे बेडरूम का निर्माण ना करवाए, यह स्वास्थ्य समस्या का कारण बन सकता है।

 हमेशा दक्षिण दिशा मे सिर करके सोना शुभ माना जाता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार इससे स्वस्थ और शांतिपूर्ण जीवन का निर्माण होता है। उत्तर दिशा मे सिर करके सोना शुभ नहीं माना जाता क्योंकि इससे तनाव एवं मानसिक रोग का निर्माण होता है।

 

खुशहाली के लिए वास्तु टिप्स

हनुमान जी को स्वास्थ का स्वामी माना जाता है। वास्तु शास्त्र अनुसार घर मे खुशहाली और mental peace के लिए हनुमान जी की तस्वीर होनी आवश्यक है। इससे परिवार के सदस्यों का स्वास्थ अच्छा बना रहता है।

 यदि घर का कोई सदस्य बीमार है तो उसे घर की north east दिशा मे मोमबत्ती जलानी चाहिए।

 घर के बेडरूम का वास्तु शुद्ध होना जरूरी होता है। घर मे बेडरूम की location घर के सदस्यों के स्वास्थ को प्रभावित करती है।

 यदि घर मे रसोई के सीधा आगे शौचालय हो तो उसका दरवाजा बंद रखे।

 घर के center मे ज्यादा pillars का निर्माण करवाने से बचे।

 सुनिश्चित करे की आपके घर के main gate और boundary wall की उचाई समान हो। 


यह भी पढ़ेंः कुंडली के किस भाव से बनता है लव मैरिज या अरेंज मैरिज का योग


गर्भवती महिलाओ के लिए वास्तु टिप्स

 पानी पीते समय यह सुनिश्चित करे की आपके सर की दिशा उत्तर पूर्व या पूर्व दिशा मे होनी चाहिए। गलत दिशा मे पानी पीने से आपके और आपके अजन्मे शिशु के स्वास्थ पर बुरा असर पड़ सकता है।

  पानी की टंकी की दिशा दक्षिण पचीं दिशा मे नहीं होनी चाहिए।

  घर मे पूजा का स्थान की वास्तु शास्त्र मे यहां भूमिका है। इसी कारण से घर मे मंदिर का स्थान सही दिशा मे होना आवश्यक है। वास्तु शास्त्र के अनुसार पूजा का उत्तर पूर्व मे होना चाहिए।

Reading Articles

The Vast topics are covered and explained to educate you a little more !

what client says

Client’s contentment is of paramount importance for us. Take a look at what our clients have to say about us.